घोटाले का खुलासा : छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में करीब 1.5 करोड़ रुपये के LPG घोटाले का बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस ने जिला खाद्य अधिकारी अजय यादव को इस रैकेट का मुख्य आरोपी (मास्टरमाइंड) बताया है।
गिरफ्तारियां : पुलिस ने अब तक तीन लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें जिला खाद्य अधिकारी अजय यादव, गौरव गैस एजेंसी के संचालक पंकज चंद्राकर और रायपुर निवासी मनीष चौधरी शामिल हैं।
कैसे हुआ घोटाला :
- दिसंबर 2025 में 6 LPG टैंकर जब्त किए गए थे।
- इन टैंकरों को सुपुर्दगी प्रक्रिया के तहत ठाकुर पेट्रोकेमिकल्स को सौंपा गया।
- पुलिस का आरोप है कि टैंकरों में मौजूद LPG को अवैध तरीके से निकालकर ब्लैक मार्केट में बेच दिया गया।
- फर्जी दस्तावेज, नकली पंचनामा और वजन में हेरफेर करके घोटाला छिपाने की कोशिश की गई।
पुलिस की जांच : पुलिस ने 40 सदस्यीय टीम बनाकर जांच की। कॉल डिटेल्स, दस्तावेजों और तकनीकी विश्लेषण से साजिश का खुलासा हुआ। आरोपियों के पास से 6 लाख रुपये से ज्यादा नकद भी बरामद किया गया है।
कानूनी कार्रवाई : आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता और आवश्यक वस्तु अधिनियम की विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि आगे और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।