गुजरात के साबरकांठा जिले में अंबाजी जा रहे श्रद्धालुओं और पैदल यात्रियों के साथ सोमवार शाम बड़ा सड़क हादसा हो गया। हिम्मतनगर-इडर स्टेट हाईवे पर डोलगढ़ के पास एक स्कॉर्पियो ने सड़क पर मौजूद लोगों को टक्कर मार दी। हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि 11 लोग घायल बताए जा रहे हैं। घायलों में अंबाजी की ओर पदयात्रा कर रहे श्रद्धालुओं के साथ सेवा शिविर से जुड़े लोग और स्थानीय लोग भी शामिल हैं। पुलिस ने चालक को हिरासत में लेकर हादसे की जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक, अंबाजी में होने वाले भादरवी पूनम मेले को देखते हुए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पैदल यात्रा कर रहे हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए हिम्मतनगर से खेरोज के बीच हाईवे की एक लेन को पैदल यात्रियों के लिए सुरक्षित रखा गया था और वाहनों की आवाजाही दूसरी लेन से हो रही थी। डोलगढ़ के पास इसी दौरान एक स्कॉर्पियो कथित तौर पर श्रद्धालुओं के लिए निर्धारित हिस्से में पहुंच गई और वहां चल रहे लोगों को टक्कर मार दी।
साबरकांठा के पुलिस अधीक्षक पार्थराजसिंह गोहिल के अनुसार, हादसे में जान गंवाने वाले व्यक्ति की पहचान मोहनभाई के रूप में हुई है। वह तलोद तालुका का रहने वाला था और अंबाजी जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए लगाए गए सेवा शिविर में स्वयंसेवक के तौर पर काम कर रहा था। घायलों में कई लोग पदयात्रा में शामिल श्रद्धालु हैं, जबकि कुछ सेवा शिविर से जुड़े लोग और स्थानीय निवासी भी हैं।
पुलिस के मुताबिक, हादसे के बाद स्कॉर्पियो चालक मौके से निकल गया। घटना से नाराज स्थानीय लोगों और वहां मौजूद श्रद्धालुओं ने वाहन को घेर लिया और उसमें आग लगा दी। पुलिस और दमकल की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। घायल लोगों को इलाज के लिए हिम्मतनगर के सिविल अस्पताल ले जाया गया। अस्पताल के अधिकारियों के अनुसार, कई घायलों की जांच की गई, जबकि एक घायल की हालत गंभीर बताई गई और उसे आईसीयू में भर्ती कराया गया।
पुलिस ने चालक को पकड़ा, नशे की आशंका की भी जांच
पुलिस ने स्कॉर्पियो चालक को बाद में ट्रैक कर हिरासत में लिया। उसकी पहचान हिम्मतपुरा गांव के रहने वाले भरत पटेल के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, हादसे के समय चालक को रोकने के लिए ग्राम रक्षक दल के एक जवान ने संकेत भी दिया था, लेकिन वाहन आगे निकल गया। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि हादसे के समय चालक शराब या किसी अन्य नशीले पदार्थ के प्रभाव में तो नहीं था। इसके लिए उसके रक्त के नमूने लिए गए हैं।
पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि स्कॉर्पियो श्रद्धालुओं के लिए निर्धारित हिस्से में किन परिस्थितियों में पहुंची और हादसा किस तरह हुआ। घटना के बाद वाहन को आग लगाए जाने की भी जांच की जा रही है। फिलहाल पुलिस हादसे से जुड़े सभी पहलुओं को जोड़कर आगे की कार्रवाई कर रही है।
भादरवी पूनम मेले के दौरान हर साल बड़ी संख्या में श्रद्धालु अंबाजी की ओर पैदल यात्रा करते हैं। इसी वजह से प्रशासन की ओर से मार्ग पर यातायात व्यवस्था में बदलाव और श्रद्धालुओं के लिए अलग रास्ते की व्यवस्था की गई थी। इस हादसे के बाद इन व्यवस्थाओं की सुरक्षा और पालन को लेकर भी सवाल खड़े हुए हैं।