चौंकाने वाला खुलासा : फिटनेस और वजन नियंत्रण के लिए लोग प्रोटीन शेक का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन कई बार ये शेक सोडा जितनी या उससे भी ज्यादा चीनी वाले होते हैं। डॉक्टरों का कहना है कि मार्केट में उपलब्ध ज्यादातर प्रोटीन शेक में अप्रत्याशित मात्रा में शर्करा होती है, जो सेहत के लिए नुकसानदायक साबित हो सकती है।
प्रोटीन शेक में इतनी चीनी क्यों ? डॉक्टरों के अनुसार, कंपनियां स्वाद बढ़ाने के लिए प्रोटीन शेक में बड़ी मात्रा में चीनी, शुगर अल्टरनेटिव्स या आर्टिफिशियल स्वीटनर मिलाती हैं। कई शेक में प्रति सर्विंग 20-30 ग्राम या उससे ज्यादा चीनी होती है, जो एक कैन सोडा के बराबर या ज्यादा है। इससे ब्लड शुगर लेवल बढ़ता है और वजन घटाने का लक्ष्य विफल हो जाता है।
लेबल पढ़ने की सलाह : डॉक्टर शर्मा कहते हैं कि उपभोक्ताओं को लेबल को बहुत ध्यान से पढ़ना चाहिए। कुछ आम भ्रामक शब्द इस प्रकार हैं:
- ‘No Added Sugar’ — इसका मतलब है कि अतिरिक्त चीनी नहीं मिलाई गई, लेकिन नैचुरल शुगर या अन्य स्वीटनर हो सकते हैं।
- ‘Low Fat’ — कम फैट होने का दावा सही हो सकता है, लेकिन चीनी की मात्रा ज्यादा हो सकती है।
- ‘High Protein’ — प्रोटीन ज्यादा होने के साथ-साथ चीनी की मात्रा भी चेक करनी चाहिए।
कैसे चुनें सही प्रोटीन शेक :
- लेबल पर Total Sugar और Added Sugar दोनों देखें।
- प्रति सर्विंग 5 ग्राम से कम Added Sugar वाला शेक चुनें।
- नैचुरल प्रोटीन सोर्स जैसे दूध, दही, अंडे, पीनट बटर या घरेलू शेक को प्राथमिकता दें।
- आर्टिफिशियल स्वीटनर वाले शेक से बचें।
डॉक्टर की सलाह : विशेषज्ञों का कहना है कि प्रोटीन शेक को सिर्फ सप्लीमेंट के रूप में इस्तेमाल करें, न कि मुख्य भोजन की जगह। संतुलित आहार, व्यायाम और सही लेबल पढ़ने की आदत से ही असली फायदा होगा।