2026 के विधानसभा चुनावों में चार प्रमुख राज्यों – पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल और असम – में सत्ता पक्ष के नेताओं को बड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।
ममता बनर्जी (TMC), एम.के. स्टालिन (DMK), पिनरायी विजयन (LDF) और हिमंत बिस्वा सरमा (BJP) सभी अपनी-अपनी पार्टियों को सत्ता में बनाए रखने की जद्दोजहद में लगे हैं।
मुख्य चुनौतियां:
- ममता बनर्जी (पश्चिम बंगाल): BJP का बढ़ता प्रभाव, घुसपैठिया मुद्दा और党内 कलह
- एम.के. स्टालिन (तमिलनाडु): AIADMK-BJP गठबंधन और DMK के अंदर परिवारवाद का आरोप
- पिनरायी विजयन (केरल): कांग्रेस और BJP का त्रिकोणीय हमला, आर्थिक मुद्दे
- हिमंत बिस्वा सरमा (असम): कांग्रेस-AIUDF गठबंधन और क्षेत्रीय अस्मिता का सवाल
विश्लेषकों का कहना है कि इन चारों राज्यों में सत्ता पक्ष को अपनी छवि सुधारने और जनता के बीच विश्वास बहाल करने की बड़ी चुनौती है। चुनावी नतीजे इन नेताओं की राजनीतिक भविष्य को तय करेंगे।