अमीषा पटेल एक बार फिर अपने बेबाक बयान को लेकर चर्चा में हैं। अभिनेत्री ने बॉलीवुड में बढ़ते एंटूरेज कल्चर यानी कलाकारों के साथ बड़ी संख्या में निजी स्टाफ और टीम के लोगों के चलने के चलन पर सवाल उठाया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर फैंस के साथ सवाल-जवाब के दौरान एक यूजर ने उनसे पूछा कि क्या शूटिंग और फिल्म प्रमोशन के दौरान सितारों का अतिरिक्त एंटूरेज रखना और उसका खर्च निर्माता से करवाना सही है। इस पर अमीषा पटेल ने खास तौर पर महिला कलाकारों को लेकर अपनी राय रखी।
अमीषा ने अपने जवाब में कहा कि कई महिला अभिनेत्रियां अपने स्टारडम को लेकर भ्रम में हैं। उन्होंने दावा किया कि फिल्म प्रमोशन के दौरान कुछ अभिनेत्रियों का एंटूरेज इतना बड़ा होता है कि उसका खर्च उनकी फिल्म की पहले दिन की कमाई से भी ज्यादा हो सकता है। अभिनेत्री ने यह सवाल भी उठाया कि अगर निर्माता इसका खर्च न उठाएं, तो क्या यही कलाकार अपनी निजी जिंदगी में भी इतने बड़े एंटूरेज को बनाए रखेंगी।

निर्माता की जेब पर पड़ने वाले खर्च पर उठाया सवाल
फिल्म इंडस्ट्री में एंटूरेज में आमतौर पर मैनेजर, मेकअप आर्टिस्ट, हेयर स्टाइलिस्ट, स्टाइलिस्ट और अन्य निजी या पेशेवर टीम के सदस्य शामिल हो सकते हैं। किसी कलाकार की टीम कितनी बड़ी होगी और उसका खर्च कौन उठाएगा, यह अलग-अलग फिल्मों और कलाकारों के समझौतों पर निर्भर करता है। अमीषा पटेल ने इसी खर्च को लेकर सवाल उठाया और कहा कि जब किसी फिल्म के प्रचार के लिए अतिरिक्त लोगों की पूरी टीम का खर्च निर्माता उठाता है, तो इस पर विचार होना चाहिए कि यह खर्च फिल्म के लिए कितना जरूरी है।
अमीषा की टिप्पणी किसी खास अभिनेत्री का नाम लेकर नहीं की गई थी। उन्होंने सामान्य तौर पर महिला कलाकारों के बड़े एंटूरेज और उसके खर्च का जिक्र किया। उनके बयान के बाद सोशल मीडिया पर बॉलीवुड में स्टारडम, फिल्म प्रमोशन के बढ़ते खर्च और कलाकारों की निजी टीमों को लेकर चर्चा शुरू हो गई है।
यह पहली बार नहीं है जब अमीषा पटेल ने बॉलीवुड में स्टारडम और कलाकारों की छवि को लेकर अपनी राय सार्वजनिक रूप से रखी है। इससे पहले भी वह सोशल मीडिया पर नई पीढ़ी की अभिनेत्रियों और उनके कथित पीआर प्रचार को लेकर टिप्पणी कर चुकी हैं। हालिया बयान में भी उन्होंने फिल्म की कमाई और कलाकारों के साथ जुड़े खर्च के बीच संतुलन का मुद्दा उठाया है।
अमीषा पटेल के फिल्मी करियर की बात करें तो उन्होंने साल 2000 में ऋतिक रोशन के साथ फिल्म ‘कहो ना… प्यार है’ से बॉलीवुड में कदम रखा था। यह फिल्म सफल रही और दोनों कलाकारों को शुरुआती दौर में बड़ी पहचान मिली। इसके बाद अमीषा ‘गदर: एक प्रेम कथा’, ‘हमराज’, ‘भूल भुलैया’ और ‘रेस 2’ जैसी फिल्मों में नजर आईं।
अमीषा पटेल ने 2023 में ‘गदर 2’ के जरिए बड़े पर्दे पर वापसी की। इस फिल्म में उन्होंने सनी देओल के साथ सकीना का किरदार दोबारा निभाया। फिल्म ने ‘गदर: एक प्रेम कथा’ के लोकप्रिय किरदारों को फिर से पर्दे पर लाया और उस साल की चर्चित हिंदी फिल्मों में शामिल रही।
फिलहाल अमीषा पटेल का ताजा बयान किसी विशेष अभिनेत्री पर सीधे तौर पर नहीं है, लेकिन उनके एंटूरेज कल्चर पर सवाल ने बॉलीवुड में कलाकारों की टीम और उससे जुड़े खर्च को लेकर नई चर्चा जरूर छेड़ दी है। उनका मुख्य सवाल यही है कि फिल्म के प्रचार के दौरान निर्माता द्वारा उठाए जाने वाले अतिरिक्त खर्च और कलाकार की वास्तविक पेशेवर जरूरत के बीच संतुलन कैसे तय किया जाए।