अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की उच्चस्तरीय वार्ता और राजकीय यात्रा के दौरान एक अनूठा वाकया देखने को मिला है। राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा चीनी राष्ट्रपति के सम्मान में आयोजित किए गए सैन्य विमानों के विशेष ‘फ्लाईपास्ट’ (विमानों की हवाई सलामी) के समय खुद डोनाल्ड ट्रंप चौंकते और असहज (चौंककर दांत भींचते हुए) नजर आए। इस दृश्य का वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों पर तेजी से प्रसारित हो गया है, जिसके पश्चात आलोचकों और विपक्षी नेताओं ने ट्रंप की इस प्रतिक्रिया को लेकर उन्हें निशाने पर लिया है तथा इसे अंतरराष्ट्रीय मंच पर अमेरिकी शक्ति प्रदर्शन का उल्टा प्रभाव करार दिया है।
यह घटना उस समय घटित हुई जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग जॉइंट बेस एंड्रयूज पर औपचारिक स्वागत समारोह के लिए एक साथ खड़े थे। जैसे ही अमेरिकी वायुसेना के सैन्य लड़ाकू विमानों का दल उनके ऊपर से तेज गर्जना के साथ गुजरा, सलामी दे रहे डोनाल्ड ट्रंप अचानक ऊपर देखकर चौंक गए और उनके चेहरे पर असहजता के भाव देखे गए। इसके विपरीत, उनके पास ही खड़े चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग बिल्कुल शांत और अविचलित खड़े रहे। खुद द्वारा आयोजित कराए गए कार्यक्रम में ही अमेरिकी राष्ट्रपति की ऐसी प्रतिक्रिया देखकर इंटरनेट पर लोग तरह-तरह की टिप्पणियां कर रहे हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल इस वीडियो को लेकर लोगों ने तीखी प्रतिक्रियाएं व्यक्त की हैं। कई उपयोगकर्ताओं का कहना है कि जब इस फ्लाईपास्ट का आयोजन स्वयं डोनाल्ड ट्रंप के निर्देशों पर शी जिनपिंग को अमेरिकी सैन्य क्षमता से प्रभावित करने के लिए किया गया था, तो वे स्वयं ही इस आवाज से चौंक क्यों गए। आलोचकों ने कहा कि शी जिनपिंग का शांत रहना और ट्रंप का इस तरह चौंकना अंतरराष्ट्रीय कूटनीतिक मंच पर अमेरिका के लिए एक असहज करने वाली स्थिति बन गया है। हालांकि, डोनाल्ड ट्रंप के समर्थकों ने इस कदम का बचाव करते हुए कहा कि अमेरिकी वायुसेना की ताकत और लड़ाकू विमानों का यह प्रदर्शन अत्यंत प्रभावशाली था।
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग की यह दशक भर से अधिक समय बाद अमेरिका की महत्वपूर्ण यात्रा है। इस तीन दिवसीय द्विपक्षीय शिखर सम्मेलन में दोनों देशों के मध्य व्यापारिक समझौतों, ताइवान के मुद्दे, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) तथा वैश्विक रणनीतिक संबंधों पर गंभीर चर्चा होनी निर्धारित है। इस ऐतिहासिक बैठक की औपचारिक शुरुआत के समय ही इस वायरल वीडियो ने वैश्विक मीडिया और सोशल मीडिया पर कूटनीतिक चर्चाओं को गरमा दिया है।