छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता मिली है। नक्सलियों द्वारा जंगलों और दुर्गम क्षेत्रों में छिपाकर रखे गए हथियार, गोला-बारूद और विस्फोटक सामग्री के डंप की बरामदगी हुई है।
पुलिस अधीक्षक मयंक गुर्जर और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (नक्सल ऑप्स) रोहित शाह के मार्गदर्शन में आत्मसमर्पित नक्सलियों से प्राप्त अहम इंटेलिजेंस के आधार पर थाना भेज्जी क्षेत्र के ग्राम भंडारपदर व मुनुरकोंडा पहाड़ी-जंगल क्षेत्र में जिला बल, डीआरजी और बस्तर फाइटर्स की संयुक्त टीम ने एरिया डोमिनेशन एवं सर्चिंग अभियान चलाया।
24 अगस्त को ग्राम भंडारपदर के जंगल-पहाड़ी क्षेत्र में सर्चिंग के दौरान नक्सलियों द्वारा पूर्व में छिपाकर रखे गए डंप का पता चला। संयुक्त टीम द्वारा डंप की सघन सर्चिंग करने पर ऑटोमेटिक हथियारों सहित विभिन्न देशी हथियार, बीजीएल लॉन्चर, बड़ी मात्रा में जिंदा कारतूस, गोला-बारूद, विस्फोटक सामग्री और अन्य नक्सली उपयोगी सामग्री बरामद करने में सफलता मिली।
बरामद सामग्री में एसएलआर राइफल, 315 बोर राइफल, 410 मसकेट, 6 बीजीएल लॉन्चर, कई देशी बंदूकें, भरमार बंदूकें, बड़ी संख्या में बीजीएल सेल, देसी हैंड ग्रेनेड, एके-47, एसएलआर, इंसास और अन्य राइफल्स के सैकड़ों जिंदा राउंड, 240 जिलेटिन स्टिक, 18 किलो गन पाउडर, काली वर्दी, कमर बेल्ट, सोलर प्लेट और अन्य दैनिक उपयोगी सामग्री शामिल है।
जिला सुकमा पुलिस ने कहा कि क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और विकास का वातावरण बनाए रखने के लिए पूर्व में छिपाकर रखे गए हथियार व अन्य नक्सल सामग्री के डंप की बरामदगी के लिए अभियान निरंतर जारी रहेगा।