फिनटेक कंपनियां अब ग्राहकों को नई सुविधा प्रदान कर रही हैं – म्यूचुअल फंड्स के बदले लोन की। निवेशक अपने म्यूचुअल फंड्स को कोलेटरल के रूप में गिरवी रखकर तुरंत लोन प्राप्त कर सकते हैं और साथ ही अपनी एसआईपी (सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान) जारी रख सकते हैं। पिछले कुछ वर्षों में तकनीकी विकास के कारण यह प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल हो चुकी है।
अब कंपनियां अपने तकनीकी ढांचे के बल पर लोन की स्वीकृति से लेकर राशि वितरण तक का समय एक मिनट से भी कम कर चुकी हैं। गोल्ड या होम लोन जैसे पारंपरिक लोन में संपत्ति का भौतिक सत्यापन आवश्यक होता है, लेकिन लोन-अगेन्स्ट-फंड में इसकी जरूरत नहीं होती। यहां पूरी प्रक्रिया डिजिटल होती है – अंडरराइटिंग से लेकर भुगतान तक। यह नई पहल निवेशकों के लिए तात्कालिक वित्तीय जरूरतों को पूरा करने का आधुनिक विकल्प बन रही है।