दिल्ली सरकार ने कमर्शियल वाहनों पर पर्यावरण उपकर (ECC) बढ़ा दिया है। अब दिल्ली में ट्रक, बस और अन्य कमर्शियल वाहन लाना-ले जाना महंगा हो जाएगा।
सरकार का फैसला
दिल्ली सरकार ने प्रदूषण को कम करने के लिए यह कदम उठाया है। नई दरें लागू होने के बाद कमर्शियल वाहनों पर लगने वाला पर्यावरण उपकर पहले से काफी ज्यादा हो गया है।
क्यों बढ़ाया गया उपकर?
दिल्ली में लगातार बढ़ रहे वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए सरकार ने सख्ती बरती है। पुराने और ज्यादा प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर ज्यादा बोझ डालकर उन्हें हतोत्साहित करने की कोशिश की जा रही है।
किस पर पड़ेगा असर?
यह बढ़ोतरी ट्रक, बस, टैक्सी और अन्य कमर्शियल वाहनों पर लागू होगी। इससे परिवहन से जुड़े लोगों और कंपनियों पर अतिरिक्त खर्च का बोझ बढ़ जाएगा।
सरकार का पक्ष
दिल्ली सरकार का कहना है कि बढ़ा हुआ उपकर प्रदूषण नियंत्रण और बेहतर पर्यावरण योजनाओं पर खर्च किया जाएगा।
व्यापारियों की प्रतिक्रिया
कई परिवहन संघों ने इस बढ़ोतरी का विरोध किया है। उनका कहना है कि पहले से महंगाई का बोझ है, अब यह नई बढ़ोतरी उनके कारोबार को और नुकसान पहुंचाएगी।