कच्चे तेल की वैश्विक कीमतों में उछाल के कारण तेल कंपनियों ने बढ़ाए दाम
पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव और युद्ध जैसी स्थितियों के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में भारी आग लगी है। इसका सीधा असर अब भारतीय बाजार पर दिखने लगा है। सरकारी तेल विपणन कंपनियों (OMCs) ने औद्योगिक डीजल (Bulk Diesel) की कीमतों में 25% की रिकॉर्ड बढ़ोतरी कर दी है। इसके साथ ही, प्रीमियम पेट्रोल के दामों में भी ₹2 प्रति लीटर का इजाफा किया गया है।
इस खबर के मुख्य बिंदु:
- औद्योगिक डीजल में बड़ी वृद्धि: थोक उपभोक्ताओं के लिए डीजल की कीमत दिल्ली में ₹87.67 से बढ़कर ₹109.59 प्रति लीटर हो गई है।
- प्रीमियम पेट्रोल महंगा: प्रीमियम पेट्रोल अब ₹99.89 से बढ़कर ₹101.89 प्रति लीटर के स्तर पर पहुँच गया है।
- आम आदमी को राहत: राहत की बात यह है कि सामान्य पेट्रोल और डीजल की कीमतों में फिलहाल कोई बदलाव नहीं किया गया है, जिससे आम वाहन चालकों पर तत्काल बोझ नहीं पड़ेगा।
- वैश्विक संकट का असर: ईरान द्वारा कतर के ऊर्जा बुनियादी ढांचे पर हमले और जवाब में इजरायल-अमेरिका की कार्रवाई के कारण ब्रेंट क्रूड की कीमतें 108 डॉलर प्रति बैरल के पार निकल गई हैं।
- आपूर्ति की स्थिति: पेट्रोलियम मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि कीमतों में अस्थिरता के बावजूद भारत के पास पर्याप्त स्टॉक है और रिफाइनरियां पूरी क्षमता से काम कर रही हैं।