पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे चरण में महिलाएं निर्णायक भूमिका निभा सकती हैं।
दूसरे चरण में 60 से ज्यादा सीटों पर मतदान हो रहा है, जहां महिला मतदाताओं की संख्या पुरुषों से ज्यादा है। TMC और BJP दोनों पार्टियां महिला वोट बैंक को साधने के लिए पूरी ताकत झोंक रही हैं।
मुख्य बातें:
- दूसरे चरण में महिला मतदाता निर्णायक भूमिका में
- TMC और BJP दोनों ने महिलाओं को लुभाने के लिए बड़े वादे किए
- ममता बनर्जी ने महिला सुरक्षा और सशक्तिकरण पर फोकस किया
- BJP ने महिला आरक्षण और विकास योजनाओं को हथियार बनाया
महिलाओं का महत्व
दूसरे चरण की कई सीटों पर महिला मतदाताओं की संख्या 52% से ज्यादा है। ऐसे में दोनों प्रमुख दल महिला मुद्दों जैसे सुरक्षा, रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य पर खास ध्यान दे रहे हैं। ममता बनर्जी ने महिलाओं से अपील की कि वे TMC को वोट देकर बंगाल को बचाएं, जबकि BJP ने कहा कि मोदी सरकार की योजनाएं महिलाओं को सशक्त बना रही हैं।
दोनों दलों की रणनीति
TMC ने महिलाओं के लिए स्वयं सहायता समूह और सुरक्षा पर जोर दिया है। वहीं BJP ने महिला आरक्षण बिल और केंद्र की योजनाओं को लेकर प्रचार किया। दोनों पार्टियां इस चरण में महिला वोटरों को अपने पक्ष में लाने के लिए अंतिम प्रयास कर रही हैं।
चुनावी माहौल
दूसरे चरण के मतदान से पहले हिंसा और आरोप-प्रत्यारोप की घटनाएं बढ़ गई हैं। चुनाव आयोग ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। महिला मतदाताओं की भागीदारी इस चरण का सबसे बड़ा फैक्टर मानी जा रही है।