राजधानी दिल्ली में बढ़ती गर्मी को देखते हुए सरकार अलर्ट मोड में आ गई है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने स्कूलों को हीट से बचाव के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं और 2 मई तक सभी स्कूलों से सुरक्षा तैयारियों की रिपोर्ट मांगी है।
🌡️ गर्मी से निपटने के लिए सख्त कदम
सरकार ने सभी सरकारी, सहायता प्राप्त और निजी स्कूलों को निर्देश दिए हैं कि वे बच्चों की सुरक्षा के लिए जरूरी इंतजाम सुनिश्चित करें। खास तौर पर साफ और ठंडे पीने के पानी की उपलब्धता पर जोर दिया गया है।
⏱️ वॉटर बेल सिस्टम लागू
बच्चों को डिहाइड्रेशन से बचाने के लिए स्कूलों में वॉटर बेल सिस्टम लागू किया गया है। इसके तहत हर 45 से 60 मिनट में छात्रों को पानी पीने के लिए ब्रेक दिया जाएगा, ताकि शरीर में पानी की कमी न हो।
📚 स्कूल टाइम-टेबल में बदलाव
गर्मी के असर को कम करने के लिए स्कूलों को अपने टाइम-टेबल में बदलाव करने को कहा गया है। आउटडोर गतिविधियों और असेंबली को कम या बंद करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि बच्चों को तेज धूप से बचाया जा सके।
👨👩👧 माता-पिता को भी अलर्ट
स्कूलों को निर्देश दिया गया है कि वे रोजाना हीट से जुड़ी जानकारी और एडवाइजरी अभिभावकों तक पहुंचाएं। इसके लिए मैसेजिंग ग्रुप के जरिए अपडेट साझा किए जाएंगे।
👥 बडी सिस्टम से निगरानी
छात्रों की बेहतर देखभाल के लिए बडी सिस्टम शुरू किया गया है। इसमें बच्चों को जोड़े में रखा जाएगा ताकि वे एक-दूसरे में थकान या डिहाइड्रेशन के लक्षण पहचान सकें।
⚠️ जागरूकता पर जोर
स्कूलों में बच्चों को गर्मी से बचाव के उपायों के बारे में जागरूक करने के लिए विशेष कक्षाएं भी आयोजित की जाएंगी।